Lok Devta

सिर कटने के बाद भी लड़े थे कुंवर सुखसिंह मेड़तिया, आज भी पूजते है लोग

ठाकुर नाहरखान आसोप जो आज भी लोकदेवता के रूप में पूजे जाते हैं

इस करणी माता मंदिर में गड़ा त्रिशूल खुद देवी करणी माता ने गाड़ा था