कुलदेवी क्षेमंकरी (खीमज) माता

कुलदेवी क्षेमंकरी (खीमज) माता

Khimaj Mata Bhinmal क्षेमाचर्या क्षेमंकारी देवी जिसे स्थानीय भाषाओं में क्षेमज, खीमज, खींवज आदि नामों से भी पुकारा व जाना जाता है। इस देवी का प्रसिद्ध व प्राचीन मंदिर राजस्थान के भीनमाल कस्बे से लगभग तीन किलोमीटर भीनमाल खारा मार्ग पर स्थित एक डेढ़ सौ फुट ऊँची पहाड़ी की शीर्ष छोटी पर बना हुआ है। […]

धीरे धीरे व्यवस्थित हो रहा है ओम बना धाम

धीरे धीरे व्यवस्थित हो रहा है ओम बना धाम

२५ अप्रेल १३ : शाम के चार बज रहे थे जोधपुर के कुड़ी भगतासनी हाऊसिंग बोर्ड कालोनी में किरायेदार से अपने खाली मकान की चाबियाँ लेने के बाद वापस शहर आना था, श्रीमती जी का स्वास्थ्य भी इतना ख़राब था कि वे भी बाइक पर सवारी करने की स्थिति में नहीं थी कि अचानक मेरे […]

Jamvay Mata शेखावत, राजावत, नारुका कच्छवाहों की कुलदेवी

Jamvay Mata शेखावत, राजावत, नारुका कच्छवाहों की कुलदेवी

Jamvay Mata : ११ दिसंबर २०१२ को भानगढ़ जाते समय जमवा रामगढ़ बांध जिसका कभी जयपुर की प्यास बुझाने के लिए निर्माण किया गया था को पानी की कमी से सुखकर खुद प्यासे देख मन बहुत विचलित हुआ| वहां से आगे चलते हुए बांध की हालात और उसके जिम्मेदार प्रभावशाली लोगों द्वारा बांध के डूब […]

भूतों के भानगढ़ में सच का सामना

भूतों के भानगढ़ में सच का सामना

लगभग एक वर्ष से हिंदी ब्लॉग जगत के चर्चित ब्लॉगर ललित शर्मा के साथ राजस्थान में अलवर जयपुर के पास प्रसिद्ध भानगढ़ Bhangarh के भुतहा किले Ghost Fort की यात्रा पर चलने के कार्यक्रम पर चर्चा होती रही| ललित जी के साथ मैं भी इस चर्चित किले में जाने के लिए वर्षों से उत्सुक था […]

भक्तों की मनसा पूर्ण करती – मनसा माता

भक्तों की मनसा पूर्ण करती – मनसा माता

उदयपुर (शेखावाटी) तहसील मुख्यालय से लगभग 25 किलोमीटर दूर खोह- गुड़ा ग्राम के पहाड़ो में मनसा माता Mansa mata पीठ स्थित है| मनसा देवी का मंदिर जीवन के तामझाम व कोलाहल से दूर प्रकृति माँ की गोद में “खोह“ से लगभग 5 किलोमीटर दूर पश्चिम दिशा में गगन चुंबी पर्वत श्रंखलाओं की गोद में विराजमान […]

ढाणी

ढाणी

गांव के बाहर खेतों में बने घर को राजस्थान में ढाणी कहकर पुकारा जाता है खेती करने वाले किसान अपने खेतों की अच्छी तरह से देखभाल करने के लिए अक्सर खेत में बनी ढाणियों में ही रहते है |ये ढाणियां वहां रहने वाले की आर्थिक स्थिति के हिसाब से पक्के मकानों की या फिर कच्चे […]

ऋषि पराशर की तपोभूमि होने का गौरव प्राप्त है इस स्थान को

ऋषि पराशर की तपोभूमि होने का गौरव प्राप्त है इस स्थान को

ऋषि पराशर की तपोभूमि से : फरीदाबाद की अरावली पर्वत श्रंखला में स्थित प्रसिद्ध बड़खल झील के प्रवेश द्वार के पास ही उतर दिशा की और जाने वाली सड़क पर कुछ दूर जाते ही परसोन मंदिर का बोर्ड दिखाई देता है इस बोर्ड के पास से एक उबड़ खाबड़ पहाड़ी रास्ते से लगभग 1.5 की.मी. […]

हुडील.कॉम : एक गांव की वेब साईट

अंतरजाल पर भटकते हुए आज एक गांव की वेब साईट मिली | देश के लगभग सभी शहरों के अपने कई कई पोर्टल है लेकिन गांवों पर पोर्टल अभी बहुत दूर की बात है लेकिन आज एक गांव की वेब साईट देखकर लगा कि गांव वासियों ने भी इन्टरनेट जैसी महत्वपूर्ण सूचना तकनीकी का उपयोग करते […]

जूनागढ़ बीकानेर, थार के रेतीले टीलों के बीच एक आश्चर्य

जूनागढ़ बीकानेर, थार के रेतीले टीलों के बीच एक आश्चर्य

जूनागढ़ बीकानेर : रंगों भरा राजस्थान, जहाँ के जनजीवन का उत्साह, गढ़ी, गढ़ और राजमहलों में सिमटा है, अपने सोंदर्य और शोर्य गाथाओं को सम्मोहित करने में बेजोड़ है | इन गढो में जूनागढ़ बीकानेर स्थापत्य शिल्प, भौगोलिक स्थिति, विलक्षण कला सज्जा का आर्श्चयजनक उदहारण है | थार के रेतीले टीलों के बीच, जो कभी […]

जीण माता मंदिर धाम, शेखावाटी : जन-आस्था का केंद्र

जीण माता मंदिर धाम, शेखावाटी : जन-आस्था का केंद्र

जीण माता का मंदिर राजस्थान के शेखावाटी क्षेत्र में अरावली पर्वतमाला के निम्न भाग में सीकर से लगभग 30 कि.मी. दूर दक्षिण में सीकर जयपुर राजमार्ग पर गोरियां रेलवे स्टेशन से 15 कि.मी. पश्चिम व दक्षिण के मध्य स्थित है | यह मंदिर तीन पहाडों के संगम में 20-25 फुट की ऊंचाई पर स्थित है […]