शौर्य, भक्ति व कला का संगम महाराजा सावंतसिंह (नागरीदास)

शौर्य, भक्ति व कला का संगम महाराजा सावंतसिंह (नागरीदास)

शौर्य, भक्ति कला का संगम महाराजा सावंतसिंह (नागरीदास) वि.स. 1766 (1709 ई.) का एक दिन दिल्ली में बादशाह का एक हाथी बिगड़ कर महावतों के काबू से बाहर हो रास्ते पर दौड़ता चला जा रहा था| लोग हाहाकार मचाते, चिल्लाते रास्ता छोड़कर भाग रहे थे| उसी रास्ते में एक 10 वर्षीय क्षत्रिय बालक बेकाबू हाथी […]

बणी-ठणी : राजस्थान की मोनालिसा

बणी-ठणी : राजस्थान की मोनालिसा

राजस्थान के किशनगढ़ की विश्व प्रसिद्ध चित्रशैली “बणी-ठणी” का नाम आज कौन नहीं जनता ? पर बहुत कम लोग जानते है कि किशनगढ़ की यह चित्रशैली जो रियासत काल में शुरू हुई थी का नाम “बणी-ठणी” क्यों और कैसे पड़ा ? आज चर्चा करते है इस विश्व प्रसिद्ध चित्रशैली के नामकरण पर- राजस्थान के इतिहास […]