हाई टेक होते भिखारी

हाई टेक होते भिखारी

देश के लगभग सभी शहरों के चौराहों पर भिखारियां से हमेशा सामना होता है | हर रोज ये भिखारी अलग-अलग भूमिका (भेष में ) में भीख मांगते मिलते है मसलन मंगलवार को हनुमान जी की फोटो लिए होंगे तो ब्रहस्पतिवार को साईं बाबा का चित्र लिए भीख मांगते नजर आयेंगे तो शनिवार को शनिदेव का […]

आशीष जी की पोस्ट ने चोर पकड़वाया

अभी आशीष जीकी पोस्ट ” बधाई दीजिए ” पढ़ ही रहा था कि उसमे आशीष जी ने जागरूक रहने की सलाह देते हुए कॉपी स्केप नामक साईट पर जाकर अपने अपने ब्लॉग की चोरी सामग्री पकड़ने का तरीका सुझाया | इस वेबसाइट में अपने ब्लॉग का नाम भरते ही पता चला कि मेरे लिखे लेख […]

एक अदभूत उपहार

एक अदभूत उपहार

२८ अप्रैल २००९ को पुत्र की शादी में नए ब्लोगर मित्र नरेश जी के अलावा पुराने व अभिन्न मित्र रविन्द्र जी जाजू भीलवाडा से, भवानी सिंह जी (डूकिया),लक्ष्मण सिंह जी (कुकन्वाली),भंवर सिंह जी ( थाणु ) ,सतेन्द्र जी राठी (बिजनोर,उ.प्र.),महिपाल जी (बलोदा),जीतेन्द्र जी (घनाऊ) ,भाजपा नेता सुरेन्द्र सिंह जी (सरवडी),मनोहर सिंह जी (झुनकाबास) आदि शरीक […]

पासवान की हार :सबसे ज्यादा ख़ुशी हुई

इन चुनावों में रामविलास पासवान के हारने पर मुझे सबसे ज्यादा ख़ुशी हुई | पिछले साल इस व्यक्ति ने वोटों के लालच में बंगालादेशी घुसपेटियों को नागरिकता की मांग कर सबसे गलत काम किया था जिन लोगों को देशहित से ज्यादा वोट बैंक अच्छा लगता है उनके साथ ऐसा ही सलूक होना चाहिय |

एक आदर्श शहरी सार्वजनिक परिवहन प्रणाली |

एक आदर्श शहरी सार्वजनिक परिवहन प्रणाली |

शहरी सार्वजनिक यातायात प्रणाली सम्बंधित शहर की जीवन रेखा होती है | हर व्यक्ति के पास अपना स्वयम का आवागमन का साधन होना संभव नहीं होता | और सभी अपने साधन का ही प्रयोग करने लगे तो सडको की क्या हालत हो जायेगी इसका उदहारण आप दिल्ली जैसे शहर में अवश्य देखते होंगे | भीड़ […]

हिन्दी ब्लोग्स का बेहतर भविष्य

कल हिन्दी ब्लोग्स टिप्स पर ” हिन्दी ब्लोगिंग आपको क्या देती है ” व्यंग्य पोस्ट पढ़ी | आशीष जी ने ब्लॉग लिखने की १० मजेदार वजह भी बताई हालाँकि दशों वजहें बड़ी मजेदार लगी लेकिन आखिरी वजह ” बेहतर भविष्य” में आशीष जी ने लिखा . मेरे जैसे ब्लोगर इसमे अपना बेहतर भविष्य देखते है […]

जोधपुर के मिर्ची बड़े और सेव बेर

जोधपुर के मिर्ची बड़े और सेव बेर

हर शहर में खाने पीने के उत्पादों में कुछ खास होता है और वे उत्पाद उस शहर के नाम से जुड़ जाते है जैसे आगरा का पैठा, रेवाडी की रेवडी आदि, ठीक इसी तरह जोधपुर में भी खाने पीने के कई उत्पाद है जो जोधपुर की पहचान है जैसे मिर्ची बड़ा,मावे और प्याज की कचोरी,माखानियाँ […]

दिल्ली से वीरता पुरुस्कार और गांव में दुत्कार

२३ जनवरी को दिल्ली में वीरता पुरुस्कार पाने वाली आसू कँवर व उसका परिवार पिछले नौ महीने से अपने रिश्तेदारों और समाज से बहिष्कृत है | यही नही उस पर वीरता का पुरुस्कार ना लेने इतना दबाव था कि उसे अपहरण तक की धमकी मिली लेकिन उसने एक बार फ़िर दबंगता दिखाते हुए अपने रिश्तेदारों […]

ब्लॉगजगत से दूर पन्द्रह दिन

पिछले १५ दिन के जोधपुर प्रवास के दौरान ब्लॉगजगत से दूर रहना बड़ा कष्टकारी महसूस हुआ जोधपुर जैसे अच्छे शहर में भी ऐसे लगा मानो घर-परिवार से दूर जंगल में आ गया हूँ बिना इन्टरनेट के एक एक दिन भारी लग रहा था हालाँकि कभी कभार सायबर कैफे जरुर जाना हुआ लेकिन समय की कमी […]

हिन्दी लिखने में शर्म क्यों ?

आज से १५ महीने पहले इन्टरनेट कनेक्शन लेने के बाद कुछ वेबसाइट देख मुझे एक कम्युनिटी वेब साईट बनाने की हुड़क लगी लेकिन मुझे इस संबंद में कोई जानकारी नही थी बस अंतरजाल पर सिर्फ़ वेबसाइट खोलना और गूगल सर्च करना ही बच्चों से सीख पाया था और उन्ही की सलाह पर वेबसाइट कैसे बनाई […]