पासवान की हार :सबसे ज्यादा ख़ुशी हुई

इन चुनावों में रामविलास पासवान के हारने पर मुझे सबसे ज्यादा ख़ुशी हुई | पिछले साल इस व्यक्ति ने वोटों के लालच में बंगालादेशी घुसपेटियों को नागरिकता की मांग कर सबसे गलत काम किया था जिन लोगों को देशहित से ज्यादा वोट बैंक अच्छा लगता है उनके साथ ऐसा ही सलूक होना चाहिय |

11 Responses to "पासवान की हार :सबसे ज्यादा ख़ुशी हुई"

  1. dhiru singh {धीरू सिंह}   May 19, 2009 at 1:17 am

    बहुत सही सोचा आपने , पासवान जैसे खरपतवार का नष्ट होना ही राजनीती के लिए सही है

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  2. chandrashekhar HADA   May 19, 2009 at 3:22 am

    वोटर जाग गया है शेखावतजी……इसीलिए ये मौकापरस्त-अवसरवादी नेता लोग धूल चाट रहे हैं. हमें भी ख़ुशी है और उम्मीद है जल्द ही राजनीती की सारी गंदगी साफ हो जायेगी.

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  3. आरडीएक्स   May 19, 2009 at 3:26 am

    कचरा धीरे-धीरे साफ हो रहा है. बधाई…

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  4. RAJ   May 19, 2009 at 4:23 am

    Good Comment…..
    Ab Congress ko bhi jald hi deshhit me in bangladeshion se chutkara pana hoga….

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  5. ताऊ रामपुरिया   May 19, 2009 at 4:50 am

    ये पबलिक है. सबको औकात बता देती है.

    रामराम.

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  6. काजल कुमार Kajal Kumar   May 19, 2009 at 5:12 am

    अबके वोटर पहली बार चेता हुआ लगा.

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  7. RAJIV MAHESHWARI   May 19, 2009 at 5:30 am

    पासवान गया,लालू को भी झटका लगा,पर एक बच गया वो है अजित सिंह ……हर वक्त बिकाऊ ……आजकल दिल्ली में लगा है सोदेबजी करने. आप की ख़ुशी में हम भी शामिल है.

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  8. रंजन   May 19, 2009 at 6:06 am

    जब मैं चुनाब का अ ब स सिख रहा था तो ये महाशय रिकार्ड मतों से जीते थे.. पिछली बार विधानसभा चुनावों में इन्होने लालु आ साथ देने से मना कर दिया ्नतीजा ये हुआ कि upa सरकार नहीं बना सका फिर से चुनाव हुआ और नितिश आ गये.. और आज जब ये ला्लु के गले मिल कां्ग्रेस को कोस रहे है तो उसी नितिश ने इनका सुपडा साफ कर दिया.. वाह से वक्त.. जनता हर एक को सबक सिखाती है… don’t take people for granted.. अच्छा हुआ….

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  9. jayanthi   May 19, 2009 at 9:46 am

    रतन सिंह जी,
    पहले तो आपके लडके की शादी कि बधाई!
    आप ने सही फ़रमाया की पासवान,लालु जेसे नकारत्मक नेता का हरना ही
    देश के लिये सहि हे,मतदाता ओ को समझना चाहीयें की उनकी मत की सही किमत मे ये नेता तोल
    के भाव मे भी नहि आते हे

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  10. नरेश सिह राठौङ   May 20, 2009 at 2:46 pm

    ये तो एक दिन होना ही था । अब जो पोलिंग कम हो रही है । वह भी सही है । क्यों कि जो वोट देने जा रहे है वो समझदार आदमी है ।

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  11. Shakti Singh Dulawat   May 22, 2009 at 1:37 pm

    yes you are right sir

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