ज्ञान दर्पण के लेख इन्टरनेट पर दुबारा कहीं भी प्रकाशित करना सख्त मना है| पर प्रिंट मिडिया में नाम सहित छापने की खुली छूट है|

Feb 14, 2010

" उबुन्टू " इसका नाम तो बाली होना चाहिए था

पिछले एक साल से ज्यादा से उबुन्टू लिनक्स का इस्तेमाल करते रहने के बाद विंडो एक्सपी चलाने का मन ही नहीं करता | कारण एक तो लिनक्स के इस्तेमाल के बाद रोज रोज वाइरस से कंप्यूटर ख़राब होने से छुटकारा मिल गया और दूसरा धीमी गति का ब्रॉडबैंड इन्टरनेट कनेक्शन होने के बावजूद उबुन्टू में नेट बढ़िया चल जाता है | जबकि इसी कनेक्शन से यदि विंडो एक्सपी का इस्तेमाल करते हुए नेट चलाता हूँ तो कोई वेब साईट जल्दी से खुलती ही नहीं जिससे झुंझलाहट बढ़ जाती है | पिछले दिनों कुन्नु सिंह ने भी उबुन्टू को आजमाने के बाद बताया कि इसमें नेट एक्सपी के बजाय ज्यादा तेज चलता है |
मेरे कंप्यूटर में उबुन्टू लिनक्स की परफोर्मेंस देखने के बाद मेरे एक मित्र जो एक प्राइवेट कम्पनी में प्रबंधक है ने भी अपने लेपटोप व अपने ऑफिस पी.सी में मुझे बुलाकर उबुन्टू इंस्टाल करवा लिया | जिस दिन उनके कंप्यूटर में उबुन्टू इंस्टाल किया गया उन दिनों उनके ऑफिस के ब्रॉडबैंड कनेक्शन के मोडम में आई तकनीकी खराबी के चलते पिछले तीन दिनों से  आउटलुक मेल में मेल ही डाउनलोड नहीं हो रहे थे | उबुन्टू इंस्टाल करने के बाद जब मेरे मित्र ने उबुन्टू की एव्लुशन मेल कॉन्फ़िगर कर जैसे ही मेल डाउनलोड करने के सेंड रिसीव बटन दबाया कुछ ही देर में वे सभी मेल डाउनलोड हो गयी जो विंडो एक्सपी की आउटलुक मेल में तीन दिनों तक भी नहीं हो पाई थी | जिससे उनके ऑफिस में सभी को लगा कि नेट की पूरी स्पीड ये उबुन्टू खिंच रहा है कई कर्मचारियों ने उनसे आग्रह किया कि सर उबुन्टू को वापस निकलवा दीजिए वरना हमारे कंप्यूटर पर तो नेट चल ही नहीं पायेगा | इस पर हमारे मित्र ने उनको समझाया " बावलीबूचो  उबुन्टू तो आज आया है पिछले तीन दिनों से तुम्हारी नेट क्यों नहीं चल रही थी जावो एयरटेल वालों से कम्प्लेंट करो और नेट ठीक करावो | उसके बाद जब एयरटेल के कर्मचारी आये तो पता लगा उनके मोडम में कुछ तकनीकी खराबी थी जो ठीक कर दी गयी फिर भी आज उनके ऑफिस में नेट की जो स्पीड उबुन्टू में मिलती है उसे देखकर हर कोई दंग रह जाता है और उबुन्टू की इस तेज गति से नेट चलाने का  कारण पूछने पर हमारे मित्र भी मौज लेते हुए बताते है कि जिस तरह से रामायण के  पात्र बाली के सामने  किसी भी योद्धा के आने के बाद उसकी आधी शक्ति बाली में आ जाती थी ठीक उसी तरह ये उबुन्टू भी आस पास के कंप्यूटरस की ताकत खींचकर अपने में समा लेता है | अक्सर मेरे से भी जब उनकी उबुन्टू के बारे में बात होती है तो वे इसे बाली कहकर ही पुकारते है | अपने एलोवेरा प्रोडक्ट वाले रामबाबू भी उबुन्टू से इतने प्रभावित हुए कि उन्होंने भी अपने लेपटोप व डेस्कटॉप दोनों से विंडो एक्सपी को निकाल बाहर किया और अब उबुन्टू का ही इस्तेमाल कर रहे है |



 

ताऊ डॉट इन: ताऊ पहेली – 61

फील्ड्स ऑफ़ ग्रीन ( FIELDS OF GREEN ) धरती का वरदान

कसर नही है स्याणै मै

20 comments:

वाह !
ये बताइए कि उबुंतू 8.04 मे बी एस एन एल मोबाइल कनेक्टिविटी कैसे लाई जाय ? मेरे पास जो 9.10 का सी डी है उससे लाइव चलाने पर कनेक्ट हो जाता है लेकिन 8.04 में ऑप्सन ही नहीं है।

गिरजेश जी
मै भी उबुन्टू ९.१० का ही इस्तेमाल करता हूँ | ८.४ में मोबाइल नेट कनेक्ट करने के लिए ज्ञान दर्पण पर यह पोस्ट पढ़े शायद आपके काम आ सके |http://www.gyandarpan.com/2009/10/blog-post_28.html

उबुन्टू में वाई-फ़ाई सपोर्ट करता है क्या ?

अरे अब आदत पड गई है फ़िर उबंटु मै मै मुश्किल होगी, लेकिन ऎक अच्छी जानकारी के लिये धन्यवाद

बढ़िया पोस्ट है। मजा़ आ गया। मुझे तो कई सालों से ये उबन्टू शब्द ही मज़ेदार लगता रहा है।
कभी ज़रूरत पड़ी तो आज़माएंगे।

अभी डाऊनलोड कर रहा हूँ, फ़िर सीडी से रन करकर देखता हूँ, अगर बात बन जाती है तो संस्थापित कर लूँगा, पर क्या यह विस्टा के साथ सपोर्ट करता है।

आपकी बाते सोलह आने सत्य है लेकिन हमारी समस्या औरो की तरह ज्यो की त्यों है |प्रचलन में न आने का सबसे पहला कारण इन्टरनेट का ना जुडना ही है | क्यों की मोडेम बनाने वाली का. अपने डिवाईस का ड्राईवर उनिक्स (उबंटू) के लिए नहीं बनाती है |हम जैसे लोग जब तक नेट से नहीं जुडते है तब तक बात आगे बढ़ ही नहीं सकती है | इसका सबसे बड़ा गुण यह है की आप इसे इंस्टाल किये बिना ही अपने पी सी पर चला सकते है |

क्या यह चलाने में आसान है मेरा मतलब है कि इसे प्रयोग करने के लिये पहले सीखना पडेगा या विन्डोज की तरह आपरेट कर पाऊंगां। क्या विन्डोज पर चलने वाले आफिस वर्ड, एक्सेल और अकाऊंटिंग साफ्टवेयर जैसे बिजी वगैरह इस पर आसानी से चला सकता हूं? कृप्या बतायें। काफी समय से बहुत सुना है उबन्टु के बारे में
एक बार कोशिश तो करनी ही पडेगी

प्रणाम स्वीकार करें

:) मै तो अभी भी उबंटू से ही नेट सर्फ करता हूं, बहुत सारे पेज खोलने पर भी कोई परेसानी नही होती,

XP पर तो नेट चलाने पर निंद आने लगती है क्यों की मेरा नेट सपीड बहुत कम है और ईसीलिये अब उबंटु ईस्तेमाल करता हूं।

Nokia 3110c से डाटा केबल लगाते ही नेट कनेक्ट हो जाता है

विवेक जी , अंतर सोहिल जी
आपको जबाब मेल कर दिया गया है जिसमे मेरा फोन न. भी है उबुन्टू इन्स्टाल करने में कोई दिक्कत हो तो आप फोन पर संपर्क कर सहायता ले सकते है |

नरेश जी
नेट चलाने के लिए उबुन्टू में किसी मोडम के ड्राईवर की जरुरत नहीं पड़ती यदि आपके पास ब्रॉडबैंड है तो केबल जोड़ते ही नेट चलने लगता है | मोबाइल से नेट चलाने के लिए भी किसी सोफ्टवेयर की जरुरत नहीं पड़ती |

औपेरेटिंग सिस्टम तो पता नहीं, पर ये शब्द उबंटू अफ्रीकन फिलोसफी में साऊथ अफ्रीका के बंटू भाषा का है. इसका अर्थ इसमें लिया जाता है कि "तुम हो तो मैं हूँ"..."i exist because you exist. Ubuntu - the essence of being human. Ubuntu speaks particularly about the fact that you can't exist as a human being in isolation." सोचा बता दूं :)

शेखावत जी मुझे भी उबुन्टू मे बीएसएनएल मोडेम सम्बन्धी समस्या आ रही है, केबल जोड़ने के बाद भी नेट नही चल पाता. मेरे लैपटाप पर एक्सपी और उबुन्टू दोनो है. मै अपने घर और कार्यालय दोनो स्थान पर इसे चलाना चाहता हू. दोनो स्थान का आईपी और फोन नम्बर व आईडी अलग अलग है.

संजीव जी
अभी तक BSNL का नेट उबुन्टू पर चलाने का मौका नहीं मिला लेकिन अब कहीं ट्राई करके देखता हूँ क्या दिक्कत आती है |

ubuntu में BSNL नेट जोड़ने के तरीके यहाँ लिखें है

http://www.thechetan.com/2008/10/how-to-start-configur-bsnl-broadband-connection-on-ubuntu-linux/

http://srikanthperinkulam.wordpress.com/2007/08/25/ubuntu-bsnl-broadband-connection/

Kafi badhiya sir ji. maine free c.d mangavai hai.

Happy Bloging.

http://guide-india.blogspot.com

अभी तो छ हजार लगा कर विण्डोज ७ खरीदा है! :-(

ubuntu install kiya, par music player or video player nai chalta. video player ka yaha jo past hai use padhake tray kiya fir bhi nai chalta. Ubuntu me jo Software center hai vo bhi kam nai karta. koi bhi software download or install nai hota.

इसे मैं सन २००७ से इस्तेमाल कर रहा हूँ.. जब से मिला है तभी से लगाव हो गया है.. हर एक मामले मे यह बेहतर है..

एक्सपी में नेट स्लो होने का एक ही कारण है.. वायरस और मेलवेयर.. चाहे कितनी भी सावधानी क्यों न बरती जाये.. एक्सपी संक्रमित हो ही जाता है.. नतीजा स्लो स्पीड!!

लेकिन बिना नेट के एक्सपी यूज करना हो तो कोई परेशानी नही आती.. लेकिन बिना नेट सब सून

Post a Comment

Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...

Share

Twitter Delicious Facebook Digg Stumbleupon Favorites More